नरेश पांडेय चकोर
डॉ. नरेश पाण्डेय चकोर | |
|---|---|
| Born |
3 जनवरी 1938 देवधा,सुलतानगंज,भागलपुर,बिहार,भारत |
| Died |
November 14, 2015 (aged 77) पटना |
| Occupation | लेखक,कवि,संपादक,सांख्यिकी पदाधिकारी |
| Language | अंगिका, हिन्दी |
| Nationality | भारतीय |
| Literary movement | अंगिका भाषा आंदोलन |
| Notable works | अंग माधुरी के 46 बरस तक संपादन |
| Spouse | द्रौपदी दिव्यांशु (निधन: 2016) |
डॉ० नरेश पांडेय 'चकोर' या डॉ० नरेश पाण्डेय 'चकोर' ( en: Naresh Pandey Chakor) (3 जनवरी 1938 – 14 नवंबर 2015) भारत केरो एगो अग्रणी साहित्यकार, संपादक, कवि आरु सांस्कृतिक कार्यकर्ता छेलै, जे अंगिका भाषा आरु एकरो साहित्यिक आंदोलन केरौ युगांतरकारी योद्धा आरु संस्थापक व्यक्तित्व केरौ रूप मँ जानलौ जाय छै । हुनको सबसें बड़ौ योगदान छेलै, 46 साल तलक अंगिका मासिक पत्रिका 'अंग माधुरी' केरौ निरंतर प्रकाशन आरु संपादन । डॉ. नरेश पाण्डेय 'चकोर' अंगिका के साथ-साथ हिन्दी केरो भी एगो लब्धप्रतिष्ठ साहित्यकार छेलै । [१]
आरंभिक जीवन आरू शिक्षा
[संपादन | स्रोत सम्पादित करौ]नरेश पाण्डेय चकोर के जनम ३ जनवरी १९३८ क, बिहार के भागलपुर जिला मँ सुलतानगंज सँ करीब १५ किलोमीटर दक्खिन देवधा गाँव मँ भेलौ छेलै। हुनी एगो साधारण किसान परिवार सँ छेलै। हुनको बाबुजी श्री चन्द्रमोहन पाण्डेय आरू माय श्रीमती प्रजावती देवी छेलै। हुनी अपनो शुरुआती पढ़ाई गाँव आरू ओकरो लगीच स्कूल-सब मँ करलकै। हुनी अपनो उच्च शिक्षा भागलपुर विश्वविद्यालय के तहत टीएनजे कॉलेज सँ पूरा करलकै । [१]
पेशेवर कैरियर आरू सक्रियता
[संपादन | स्रोत सम्पादित करौ]सरकारी नौकरी
[संपादन | स्रोत सम्पादित करौ]1963 ई. मँ, डॉ. पाण्डेय अपनौ पेशागत जीवन के शुरुआत सरकार के साथ करलकै, बिहार राज्य खादी ग्रामोद्योग बोर्ड, पटना में सांख्यिकी पदाधिकारी (Statistical Officer) के रूप में शामिल होय करी क। हुनी 1996 ई. में अपनौ सेवा-निवृत्ति तलक ई पद पर सेवा देलकै। [१]
अंगिका आंदोलन केरौ अगुवाई
[संपादन | स्रोत सम्पादित करौ]अपनौ सेवा काल के संग-संग, डॉ० पाण्डेय अंगिका भाषा क प्रचार-प्रसार आरू मान्यता दिलाबै लेली आंदोलन मँ गहरा रूप सँ जुड़ी गेलै
- 1961: 'अंग भाषा परिषद्' म॑ प्रचार मंत्री रूप म॑ शामिल भ॑ क॑ हुनी अपनौ अंगिका भाषा आंदोलन केरौ सफर शुरू करलकै। [१]
- पहलौ प्रकाशन: हुनको पहलो प्रकाशित कृति, अंगिका केरौ एकांकी नाटक "किसान क॑ जगाबऽ", 1961 म॑ जारी करलौ गेलै, जेकरा आधुनिक अंगिका भाषा केरौ पहिलो प्रकाशित किताब मानलौ जाय छै। [१]
- सरकारी प्रकाशन: हुनको 1963 केरौ कृति, अंगिका नाटक "सर्वोदय समाज", सरकारी विभाग द्वारा प्रकाशित करलऽ जाय वाला पहिलऽ अंगिका किताब रहै। [१]
अंगिका मासिक 'अंग माधुरी' केरौ संपादक
[संपादन | स्रोत सम्पादित करौ]'अंग माधुरी' के 46 साल लगातार संपादन
[संपादन | स्रोत सम्पादित करौ]अंगिका भाषा केरौ मासिक पत्रिका 'अंग माधुरी' के संपादक के रूप में हुनकरौ भूमिका क हुनको महान आरू असाधारण उपलब्धि मानलौ जाय छै। दिसंबर १९७० स एकरो प्रकाशन आरू संपादन शुरू करी क, हुनी अपनौ निधन तलक लगातार ४६ साल तक ई पत्रिका के संपादन करलकै। ई काम के प्रति हुनकरौ समर्पण क अक्सर दोसरौ महान भारतीय संपादकौ के तुलना करी क उजागर करलौ जाय छै: हुनी अंग माधुरी केरो, आचार्य महावीर प्रसाद द्विवेदी सरस्वती के जे अवधि तलक संपादन करलकै (१८ साल) या पंडित श्रीराम शर्मा विशाल भारत के जे अवधि तलक संपादन करलकै (लगभग दू दशक) ओकरा सँ कहीं बहुत जादा लंबा समय लगतार ४६ साल तलक संपादन करलकै। [१] [२][३][४]
साहित्यिक सृजन आरू विरासत
[संपादन | स्रोत सम्पादित करौ]डॉ. पांडेय एक ठो बहुतेजस्वि लेखक छलै, जे अंगिका आरू हिंदी साहित्य दूनू मँ भरपूर योगदान देलकै। हुनी कुल 80 किताब लिखलकै या संपादित करलकै।
उपाधि आरू मान्यता
[संपादन | स्रोत सम्पादित करौ]अपनो लगातार सेवा आरु गहरौ योगदान के कारण, हुनका साथी विद्वान आरु लेखक द्वारा अक्सर कई एक प्रतिष्ठित उपनाम सँ प्रशंसा करलौ जाय छेलै, जेकरा मँ शामिल छै:[१]
- अंगिका केरौ भारतेन्दु हरिश्चंद्र
- अंगिका केरौ महावीर प्रसाद द्विवेदी[५]
- अंगिका केरौ तुलसीदास
- अंगिका केरौ शेक्सपियर
- अंगिका केरौ कालिदास
सांस्कृतिक सक्रियता
[संपादन | स्रोत सम्पादित करौ]ऊ एकटा समर्पित आयोजक आरू सांस्कृतिक आंदोलनधर्मी (Cultural Activist) छेलै। पटना मँ 'जान्हवी आंगिका संस्कृति संस्थान' के तत्वावधान मँ, हुनी हर साल 'आंगिका महोत्सव' के आयोजन करै छेलै। हुनी अपनौ व्यक्तिगत समर्पण लेली जानलो जाय छेलै, अक्सर महोत्सव मँ प्रदर्शनी लेली आंगिका केरो किताबो के भारी-भारी बक्सा अपनो माथा प॑ ढोय क॑ लानै छेलै।
अकादमिक विषय-वस्तु
[संपादन | स्रोत सम्पादित करौ]स्वतंत्र रचना के अलावा, हुनीं डॉ. अभयकान्त चौधरी के संग घनिष्ठ रूप सँ सहयोग करी क, नौ किताब सह-लेखन आरु संपादन करलै छेलै, जेकरा मँ अंगिका साहित्य आरु लोक गीत के इतिहास, अलंकार (शब्दालंकार आरु अर्थालंकार), अंगिका काव्य में रस व्यंजना , अंगिका लोकगीतों का सांस्कृतिक अध्ययन केँ पाण्डित्यपूर्ण गहराई देलौ गेलौ छै। एकरो अलावा, हुनको योगदान आरु जीवन प॑ खास करी क॑ नौ किताब विभिन्न विद्वानौ द्वारा लिखलो गेलौ छै, जेकरा सँ हुनकौ विरासत आरु महत्व रेखांकित होय छै।
अंगिका आरू हिन्दी भाषा मँ साहित्य सृजन
[संपादन | स्रोत सम्पादित करौ]लब्धप्रतिष्ठ साहित्यकार डॉ. नरेश पाण्डेय 'चकोर' केरौ अंगिका आरू हिन्दी भाषा मँ कुल ८० किताब प्रकाशित होलो छै। जेकरा मँ डॉ. अभयकांत चौधरी के साथ लिखित आरू संपादित ९ किताब भी शामिल छै।[६] [१]
हुनका द्वारा लिखलौ अंगिका आरू हिन्दी भाषा के किताब केरो सूची सिनी ई प्रकार छै:[७] [८] [९] [१०]
- किसान क॑ जगाबऽ (अंगिका एकांकी) [११]
- एक शाख : दो फूल (हिन्दी नाटक)
- सर्वोदय समाज (अंगिका नाटक)
- फूल फूलैलै (अंगिका कहानी संग्रह-संपादित)
- अंगलता (अंगिका कविता संग्रह-संपादित)
- विशाखा (अंगिका लघु उपन्यास)
- अंगिका जतसार (संपादित)
- भोरकऽ लाली (अंगिका काव्य)
- श्री. राम जन्मोत्सव (अंगिका गीति-नाट्य)
- अंगश्री (अंगिका कविता संग्रह-संपादित)
- भक्ति पुष्पांजलि (हिन्दी एवं अंगिका के गीत-भजन)
- महात्मा भोली बाबा (संपादित)
- किसान: देशऽ के शान (अंगिका कविता संग्रह)
- अंग माधुरी के लेखक आरू कवि
- ययाति (अंगिका काव्य)
- अंगिका के फैकड़े एवं लोरियाँ
- श्री भूवनेश जी
- श्री उमेश जी
- श्री करीलजी
- श्री विनोद जी
- श्री उचित लाल जी
- श्री अम्बष्ठ जी
- एक साहित्यकार परिवार (17 स॑ 23 तक जीवनी)
- तिलका सुन्दरी डार-डार (अंगिका कहानी संग्रह)
- भक्तमाली जी के भोजपुरी भजन
- भावाँजलि भोली बाबा को (संपादित)
- फूलऽ के गुलदस्ता (अंगिका काव्य)
- लोरकैन (संपादित)
- सावन सलोनी (हिन्दी काव्य)
- श्री. सीताराम लीलामुत (संपादित)
- अंगिका आन्दोलन का इतिहास
- हमरऽ संकीर्तन यात्रा (अंगिका काव्य)
- एब्लिन (हिन्दी उपन्यास)
- घुघली घटमा (अंगिका गाथा काव्य-संपादित)
- अंग जनपद गौरव: हलधर बाबा (जीवनी)
- मिलन (हिन्दी कविता)
- बाबा ठाकुर (अंगिका गाथा काव्य)
- आध्यात्मिक आरू साहित्यिक जतरा
- अंगिका साहित्यकार
- अंगिका संस्कृति सुमन
- भरत-चरित्र
- भक्ति पुष्पांजलि (दूसरा भाग)
- दान एक मजबूरी (हिन्दी लघुकथा)
- आध्यात्मिक प्रसून
- श्री दिव्यकला चरितामृत (संपादित)
- मेरी कहानी: नई पुरानी
- मेरी यात्रा कथा
- श्री रामदूत हनूमान
- गाँव-जवार
- मीरा की प्रेम साधना
- मूल्यांकन
- अंगिका लोक साहित्य
- साहित्य सन्त: अभयकान्त (जीवनी)
- अंगजनपद के वैवाहिक विधि विधान
- महात्मा भोली बाबा: भोला के अवतार
- भगवान के पार्षद: भक्तमाली जी
- हमरऽ कक्का
- तुलसी मंजर
- रंग बिरंगऽ फूल
- हनुमत जयन्ती समारोह समहृता
- अंगिका साहित्य अब तक
- सम्मूल्यन
- भाव पुष्प
- अंगिका लोक संस्कृति के संवाहक: यदुनन्दन मंडल
- सृष्टि आपकी दृष्टि मेरी (समीक्षा)
- अंगिका गीता (अनुवाद)
- सुखलऽ गाछवाला जंगल (अनुवाद)
- गुरू कृपा: प्रभु प्रसाद (काव्य)
- अनुशीलन
- अंगिका होली गीत
- रघुवंशम् (अनुवाद)।
डॉ. अभयकांत चैधरी के साथ लिखित आरू संपादित:
- अंगिका साहित्य का इतिहास
- हऽर आरू गाड़ी
- सलेस भगत
- अंगिका काव्य में रस व्यंजना
- अंगिका में अलंकार
- अंगिका लोकगीतों का सांस्कृतिक अध्ययन
- अंगिका साहित्य का इतिहास (द्वितीयांश)
- अंगिका लोकोक्ति संग्रह
- अंगिका साहित्य का इतिहास (संशोधित एवं परिवर्द्धित संस्करण) ।
निधन
[संपादन | स्रोत सम्पादित करौ]डॉ. नरेश पाण्डेय 'चकोर' केरौ निधन पटना मँ १४ नवम्बर २०१५ क होलौ छेलै। हुनको पूरा जीवन साहित्य आरू अध्यात्म क समर्पित छेलै, इ तथ्य क रेखांकित करतें ई बात पर ध्यान देलौ जाय छै कि हुनकौ निधन राम आरू तुलसीदास सँ जुड़लौ एगो लेख केरौ प्रूफरीडिंग करतें समय होलो छेलै, जे हुनको साहित्यिक सेवा आरू हुनको राम-भक्ति (भगवान राम के प्रति निष्ठा) दुनू के प्रति हुनको गहरा समर्पण क दरसाबै छै। [१]
उद्धरण
[संपादन | स्रोत सम्पादित करौ]- 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 https://www.prabhatkhabar.com/state/bihar/patna/689944-
- ↑ https://angmadhuri.angika.com/2017/11/Angika-Masik-Patrika-Ang-Madhuri-Editor-Naresh-Pandey-Chakor-January-1971-Year%20-1-Issue-2.html
- ↑ https://www.prabhatkhabar.com/state/bihar/bhagalpur/609982-
- ↑ https://sahityakar.angika.com/2020/08/dr-naresh-pandey-chakor-angika.html
- ↑ https://www.jagran.com/bihar/bhagalpur-13196212.html
- ↑ https://www.jagran.com/bihar/banka-13171945.html
- ↑ https://rajbhasha.bihar.gov.in/Book_List/Book%20list%2024.pdf
- ↑ https://sahityakar.angika.com/2020/08/dr-naresh-pandey-chakor-angika.html
- ↑ https://www.angika.com/2015/11/Dr.-Naresh-pandey-Chakor-pioneer-of-Angika-language-movement-passed-away.html
- ↑ https://www.angika.com/2020/09/angika-bhasha-ka-sahityik-paridrishya-literary-scenario-of-angika-language.html
- ↑ https://www.bhaskar.com/bihar/patna/news/angkika39s-rich-sadhak-poet-was-dr-naresh-pandey-chakor-044640-3577314.html